एक ज़िद
एक ज़िद कॉफी पीने की, एक ज़िद अपने वरिष्ठों के संग जीने की, एक ज़िद बचे चंद लम्हों को यादगार बनाने की, एक ज़िद हर मीठी चुस्कियों के बाद बकबकाने की, एक ज़िद हर 'बकबक' से कुछ सीख जाने की, एक ज़िद बचे चन्द लम्हों में खो जाने की, एक ज़िद अपनों के संग कॉफी पीने की ।। ©अबोध, अपरिपक्व